COVID-19 Orders राजस्थान राज्य डाटा केंद्र

राजस्थान राज्य डाटा केंद्र - राजस्थान में संस्थागत ढांचा

एसडीसी, सूचना प्रौद्योगिकी की मानकीकृत बुनियादी सुविधाओं को राज्य और अन्य सरकारी संस्थाओं को साझा तौर पर उपलब्ध कराने पर केंद्रित एक सेवा वितरण सहायक इकाई है। यह99.749  अपटाइम के साथ टियर -2 डेटा सेंटर है।  एसडीसी उपरोक्‍त‍ वर्णित होस्टिंग के सभी मॉडलों के लिए राज्य के सभी विभागों को निम्नलिखित आधारभूत संरचना / अनिवार्य साझा सेवाऐं प्रदान करता है:

गैर आईटी अवसंरचना आईटी अवसंरचना
  • रैक स्‍पेस             
  • पावर (विद्युत आपूर्ती)
  • शीतलन उपकरण        
  • अग्निशमन उपकरण
  • प्रवेश नियंत्रण और निगरानी उपकरण
  • भौतिक सुरक्षा
  • राउटर                
  • आई डी एस  आई पी एस
  • कोर स्‍वि‍च            
  • फायरवॉल  
  • प्रमाणीकरण उपकरण (DC/ADC)
  • स्‍टोरेज (SAN)
  • बैकअप उपकरण

कोर आईटी और गैर आईटी अवसंरचना के अलावा कम्‍प्‍यूट अवसंरचना जैसे डेटाबेस, ए‍‍प्‍लि‍केशन तथा वेब सर्वर व अन्य प्रबंधन अवसंरचना और निगरानी उपकरणों को, अनुप्रयोगों की साझा होस्टिंग हेतु राज्‍य को सक्षम करने के लिए परिकल्पित किया गया।

स्‍टेट डाटा सेन्‍टर इस प्रकार राज्य सरकार और विभागों में जी 2 जी, जी 2 सी सेवा वितरण और जी 2 बी सेवाओं के लिए केंद्रीयकृत डेटा कोष (डेटाबेस समेकन), अनुप्रयोग समेकन, राज्य इंट्रानेट / इंटरनेट पोर्टल, राज्य मैसेजिंग की बुनियादी सुविधाओं, स्‍टेट डाटा सेन्‍टर के दैन्निदिन कार्यों की निरंतरता आदि उपलब्ध कराने में में मदद करता है.

एप्लीकेशन होस्टिंग मॉडल

राजस्थान राज्य डाटा सेंटर में, होस्टिंग मॉडल तीन परिदृश्यों में मौजूद हैं। इन तीन परिदृश्यों को  एप्लीकेशन डिप्लॉयमेंट के  लिए अलग-अलग कार्यान्वयन मॉडल को  ध्यान में रखते हुए विकसित किया गया है। ये तीन मॉडल निम्नप्रकार है-

साझा होस्टिंग :

इस मॉडल में सर्वर, डाटाबेस, नेटवर्क, सभी प्रासंगिक सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर विभिन्न विभागो के बीच साझा होते है। इन उपकरणों के लिए संचालन एवं प्रबंधन (O&M) तथा सुविधा प्रबंधन सेवा (एफएमएस) राजस्थान एसडीसी की एफएमएस प्रदाता फर्म (डाटा  सेंटर ऑपरेटर) द्वारा प्रदान की जाती हैं। एप्लीकेशन/ वेबसाइट से संबंधित मुद्दों और सेवाओं को सम्बंधित डेवलपर द्वारा प्रबंधित किया जाता है। यह मॉडल आम तौर पर कम संसाधन की आवश्यकता वाली छोटी परियोजनाओं और वेबसाइटों के लिए प्रयोग किया जाता है।

को-लोकशन (प्रबन्धित):

इस मॉडल में सर्वर और अन्य उपकरणों की खरीद का कार्य संबंधित विभाग द्वारा किया जाता है और उन्हें  सर्वर फार्म क्षेत्र में स्थापित किया जाता  हैं। एसडीसी उन्हें संचालन और प्रबंधन(O&M) सेवाओं के साथ-साथ उपरोक्त वर्णित अनिवार्य साझा संसाधन उपलब्ध कराता है। हार्डवेयर, सिस्टम सॉफ्टवेयर, नेटवर्क सेवाओं और सिस्टम से संबंधित सेवाओं की निगरानी/अनुश्रवण का कार्य, राजस्थान एसडीसी के एफएमएस प्रदाता फर्म द्वारा साझा उपकरणों /संसाधनो के माध्यम से उपलब्ध कराई जाती है।

केवल एप्लीकेशन संबंधित कॉन्फिगरेशन्स, सेवाओं और समाधान संबंधित सिस्टम इंट्रीग्रेटर द्वारा प्रदान की जा रही हैं। अधिकतर मामलों  में सैन पर भंडारण और बैकअप सुविधा  राजस्थान एसडीसी द्वारा प्रदान किया जा रही है। डेटाबेस सेवाऍ  परियोजना / विभाग की आवश्यकता के अनुसार साझा या समर्पित  कि जा सकती है।

को-लोकशन (अप्रबंधित) – केज्ड

इस मॉडल में सर्वर, डाटाबेस, नेटवर्क, भंडारण और अन्य उपकरणों की खरीद व मंगवाने का कार्य संबंधित विभाग द्वारा किया जाता है और उन्हें  सर्वर फार्म क्षेत्र में स्थापित किया जाता हैं। एसडीसी उन्हें उपरोक्त वर्णित अनिवार्य साझा संसाधन उपलब्ध कराता है। प्रबंधन और हार्डवेयर, सॉफ्टवेयर, एप्लीकेशन और सेवाओं की निगरानी सम्बंधित  सिस्टम इंट्रीग्रेटर द्वारा प्रदान की जा रही हैं ।

एसडीसी सेवाएं:

RSDC में सेवाओं को निम्नलिखित सेवा श्रेणियों के अंतर्गत वर्गीकृत किया गया है:-

  • कम्प्यूटिंग -विभन्न प्रकार के प्लेटफार्मों  जि‍न  पर ऍप्लिकेशन्स चलाई जाती है (उदाहरण के लिए- विंडोज 2K8-R2, विंडोज 2K12,RHEL 6.0 इत्यादि ) । सभी प्रकार  के  वेब, एप्लीकेशन और डेटाबेस सर्वर इस श्रेणी के अंतर्गत प्रबंधित किये जाते है ।
  • नेटवर्क - एक सुरक्षित डेटा परिवहन और सूचना प्रोद्योगिकी संसाधनो को आपस में जोड़ने का साधन  है ।  जिस पर यूजर विशिष्ट एप्लीकेशन से जुड़ा रहता है । राउटर, आईडीएस / आईपीएस, कोर स्विच और फ़ायरवॉल के लिए प्रबंधित सेवाऍ  इस श्रेणी के अंतर्गत आती हैं।
  • सुरक्षा यह विशिष्ट प्रकार की  सॉफ्टवेयर हार्डवेयर मिश्रित सुविधा है जो डेटा की गोपनीयता, समग्रता, प्रमाणिकता, सम्पूणता और उपलब्धता की अतिरिक्त सुरक्षा प्रदान करती हैं। HIPS/HIDS, एंटी वायरस, डीसी / एडीसी और अन्य सुरक्षा उपकरण इस श्रेणी में आते हैं ।
  • संग्रहण - सूचना के भण्डारण के लिए बहुस्तरीय भंडारण सेवाऍ व विश्वसनीय बैकअप और रिस्टोर कि  क्षमता ।

    उपरोक्त सेवाऍ DCO और राज्य के बीच सहमति व अनुबन्‍ध के अनुसार निम्न तरीके से प्रदान कि जाती हैं -
  • उपलब्धता - सभी सेवाएँ परिभाषित नियमों और शर्तों के तहत डेटा सेंटर के न्यूनतम 99.749% uptime के साथ उपयोग के लिए उपलब्ध होंगी ।
  • क्षमता - सभी सेवाऍ डेटा सेंटर में होने वाली गतिविधियों या मांग के अनुरूप उपलब्ध रहेगी।
  • निरंतरता – सभी सेवाऍ, प्रमुख विफलताओं या व्यवधानकारी घटनाओं के समय भी डेटा सेंटर  की गतिविधियों में उपलब्ध रहेगी ।
  • सुरक्षा -  सेवा वितरण एवं उपलब्धता के दायरे के भीतर, डेटा और एप्लीकेशन की ज्ञात और निकट भविष्य संभावित जोखिमों में अनावरित नहीं किया जायेगा । डेटा की निरपदता (risk-freeness) को निम्नप्रकार से सुनिश्चित किया जाता है:
    • सेवाओं के लिए अधिकृत और जवाबदेह उपयोग
    • अनाधिकृत या दुर्भावनापूर्ण उपयोग से डेटा और अनुप्रयोगों का संरक्षण
    • अनाधिकृत आंतरिक और बाहरी उपयोग से डेटा और अनुप्रयोगों की क्षेत्रगत सुरक्षा संरक्षण

डिप्लॉयमेंट आर्किटेक्चर

RSDC का डिप्लॉयमेंट आर्किटेक्चर तीन जोनों - इंटरनेट, militarized और de-militarized क्षेत्र मे  3 स्तरीय आर्किटेक्चर  के अनुसार बनाया गया है । क्षेत्रों में से प्रत्येक का एक संक्षिप्त विवरण निम्नानुसार है:

  • इंटरनेट क्षेत्र

इंटरनेट लीज्ड लाइन इस क्षेत्र में समाप्त कर दी गयी है । उपयोगकर्ताओं  इंटरनेट के माध्यम से RSDC पर होस्ट वेब साइटों का उपयोग करने के लिए इस क्षेत्र में आते हैं ।

  • De-militarized क्षेत्र

    सभी वेब सर्वर, एप्लीकेशन सर्वर और DNS सर्वर इस क्षेत्र में स्थापित किये गये है ।
  • Militarized क्षेत्र

इस क्षेत्र में दो उप क्षेत्र हैं एक डाटाबेस सर्वर क्षेत्र और एक अनुप्रयोग सर्वर क्षेत्र

फायरवॉल को नेटवर्क परिधि सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रत्येक क्षेत्रों के बीच रखा जाता है । इन  क्षेत्रों से अलग एक और  मैनेजमेंट क्षेत्र  होता हैं जोकि आंतरिक आपरेशन करने के लिए नॉक दवारा उपयोग लिया जाता है ।

RSDC पर संचालन और प्रबंधन सेवाएं

सिस एडमिन

  • ऑपरेटिंग सिस्टम - पैच,अपडेशन, कॉन्फ़िगरेशन  फाइन  ट्यूनिंग
  • अनुप्रयोग सर्वर - (जैसे टॉमकैट , JBoss, आईआईएस) कॉन्फ़िगरेशन / प्रबंधन
  • डोमेन कंट्रोलर - एक्टिव डायरेक्टरी  कॉन्फ़िगरेशन  और राइट्स एलोकेशन
  • सर्वर - कॉन्फ़िगरेशन, फाइन ट्यूनिंग,एक्सेस राइट्स आदि
  • संसाधनों की निगरानी - (सीपीयू / मेमोरी) उपयोग
  • स्टोरेज एरिया नेटवर्क (सैन) - अलर्ट और विफलता के लिए डिस्क का प्रबंधन / निगरानी
  • लॉग - सभी उपकरणों के लिए लॉग का प्रबंधन / निगरानी

    नेटवर्क एडमिन
  • नेटवर्क नीतियाँ - एक्सेस राइट्स
  • सर्वर के लिए आईपी योजनाएं
  • एफ़टीपी और पोर्ट लेवल एक्सेस राइट्स
  • बैंडविड्थ प्रबंधन आदि
  • आईडीएस / आईपीएस (BWM) - हस्ताक्षर / नीतियां / बैंडविड्थ प्रबंधन के अपडेशन

डाटाबेस एडमिन

  • नियमित DB बैकअप (बैकअप नीति के अनुसार)
  • एप्लीकेशन स्तरीय प्रश्नों के लिए डेटाबेस प्रदर्शन (सीपीयू / स्मृति / आई ओ  उपयोग) की निगरानी
  • डाटाबेस का रिस्टोरेशन (यदि आवश्यक हो)
  • डाटाबेस पर उपयोगकर्ता / डाटाबेस नीति प्रबंधन
  • नियमित डाटाबेस हेल्थ चैक  - लॉग / उद्यम प्रबंधन साफ्टवेयर का उपयोग

डाटा सेंटर सहायता डेस्क

  • स्वचालित / मैनुअल टिकट जारी करना
  • जारी किये गये  टिकटों को सम्बंधित एफएमएस एडमिन  / ओआईसी एसडीसी / परियोजना ओआईसी तक सूचि‍त  करना
  • स्वचालित टिकट समापन (ओआईसी एसडीसी / परियोजना ओआईसी की अनुमति के साथ मैनुअल)
  • स्वनिर्मित SLA रिपोर्ट्स

हितधारक और उनकी जिम्मेदारिया

स्टेट डाटा सेंटर के प्रमुख हितधारक निम्न प्रकार हैं:

DietY, भारत सरकार: एनईजीपी योजना के तहत भारत में स्‍टेट डाटा सेंटर के CAPEX और OPEX के लिए प्रमुख फंडिंग एजेंसी । DietY, भारत सरकार एसडीसी कार्यों के लिए दिशा निर्देशों जारी करता है । फंडिंग के साथ साथ डाटा सेंटर की क्षमता उपयोग एवं धन उपयोग पर नजर रखता है ।

राज्य सरकार: इस परियोजना का स्‍वामि‍त्‍व राज्य सरकार का है तथा सभी राज्य स्तरीय निर्णय राज्य सरकार लेती है साथ ही एसडीसी और सूचना प्रौद्योगिकी की साझा बुनियादी सुविधाओं के लिए पॉलिसी बनाती है । एसडीसी आपरेशन व दैन्निदिन कार्यों का प्रबंधन एसआईए के माध्यम से किया जाता  है ।

राज्य कार्यान्वयन एजेंसी:  एसआईए राज्य सरकार द्वारा नामित एसडीसी के लिए कार्यान्वयन एजेंसी है।  एसआईए एसडीसी की परियोजना कार्यान्वयन और कामकाज के लिए जिम्मेदार है ।

कम्पोज़िट टीम: इस टीम मे एनआईसी, राज्य सरकार, एसआईए के अधि‍कारी और मेसर्स  विप्रो लिमिटेड से अनुबन्‍ध पर लि‍ए गए पेशेवर सदस्य हैं । यह टीम स्टेट डाटा सेंटर व बुनियादी ढांचे के प्रबंधन के लिए तथा समग्र संचालन के दौरान रणनीतिक भूमिका निभाती है ।

प्रयोक्ता विभाग: उपयोगकर्ता विभाग, एसडीसी के माध्यम से सेवा प्रदान करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं । उनकी एप्लीकेशन विभिन् होस्टिंग मॉडल्स के अंतर्गत डाटा सेंटर में होस्ट होते हुए नागरि‍क केन्द्रित सेवाऐं उपलब्‍ध कराती है ।

डाटा सेंटर ऑपरेटर: राज्य में DCO स्टेट  डाटा सेंटर के कार्यान्वयन और समग्र संचालन और प्रबंधन करने के लिए जिम्मेदार है । DCO,  एसआईए के साथ सहमत SLA पर आधारित विभिन्न सेवाएं प्रदान करता है। इसके अलावा, DCO विभागों को  विभिन्न आम साझा सेवायें,  सहमत मॉडल और संबद्ध सेवा स्तरों के आधार पर प्रदान

अद्यतन दिनांक: 28-08-2014

Nodal Officer : Sh. Vijay Prakash, (Jt. Director)

Email : oic[dot]website[at]rajasthan[dot]gov[dot]in

विज़िटर काउंटर: 44699

अद्यतन दिनांक: 08-03-2021

This website belongs to (DoIT & C) Department of Information Technology & Communication

प्रभारी अधिकारी : श्री विजय प्रकाश, OIC (Website)

ईमेल : oic[dot]website[at]rajasthan[dot]gov[dot]in

विज़िटर काउंटर: 44699

अद्यतन दिनांक: